Dhanbad News : आईआईटी (आईएसएम) धनबाद में राष्ट्रीय समूहगान प्रतियोगिता संपन्न, देशभक्ति गीतों से गूंजा जीजेएलटी हॉल
Dhanbad News : 6 विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने हिंदी और संस्कृत में दी राष्ट्रभक्ति गीतों की शानदार प्रस्तुति, विजेता टीम हजारीबाग में करेगी प्रांतीय स्तर पर धनबाद का प्रतिनिधित्व
Dhanbad News : धनबाद के आईआईटी (आईएसएम) परिसर स्थित गोल्डन जुबली लेक्चर हॉल में भारत विकास परिषद धनबाद मुख्य शाखा के तत्वावधान में राष्ट्रीय समूहगान प्रतियोगिता आयोजित की गई। प्रतियोगिता में छह विद्यालयों की टीमों ने हिस्सा लिया। विद्यार्थियों ने हिंदी और संस्कृत में देशभक्ति गीतों की प्रस्तुति देकर सभागार को राष्ट्रप्रेम के भाव से भर दिया। विजेता टीम को प्रांतीय स्तर की प्रतियोगिता में धनबाद का प्रतिनिधित्व करने का अवसर मिलेगा।
Dhanbad News : आईआईटी (आईएसएम) धनबाद परिसर स्थित गोल्डन जुबली लेक्चर हॉल बुधवार को देशभक्ति गीतों की मधुर प्रस्तुतियों से गूंज उठा। भारत विकास परिषद धनबाद मुख्य शाखा की ओर से यहां राष्ट्रीय समूहगान प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में क्षेत्र के छह प्रमुख विद्यालयों की छात्र-छात्राओं की टीमों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने हिंदी और संस्कृत में देशभक्ति गीतों की एक से बढ़कर एक प्रस्तुतियां दीं। समूहगान के माध्यम से छात्र-छात्राओं ने न केवल अपनी गायन प्रतिभा का प्रदर्शन किया, बल्कि भारतीय संस्कृति, एकता और राष्ट्रप्रेम की भावना को भी मंच पर प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया।

प्रतियोगिता में शामिल विद्यालयों की टीमों ने पूरी तैयारी और आत्मविश्वास के साथ अपनी प्रस्तुतियां दीं। जैसे ही विद्यार्थियों ने राष्ट्रभक्ति से ओत-प्रोत गीतों की शुरुआत की, पूरा सभागार देशभक्ति के भाव से भर गया। विद्यार्थियों के सुर, ताल और सामूहिक प्रस्तुति ने कार्यक्रम में मौजूद अतिथियों और दर्शकों का ध्यान आकर्षित किया।
भारत विकास परिषद की ओर से आयोजित इस प्रतियोगिता में कुल छह विद्यालयों की टीमों ने हिस्सा लिया। प्रत्येक टीम ने समूहगान के माध्यम से अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों में भारतीय संस्कृति और राष्ट्रप्रेम की भावना को प्रोत्साहित करने के साथ-साथ उनकी रचनात्मक एवं सांस्कृतिक प्रतिभा को मंच प्रदान करना रहा।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों के दौरान सभागार में मौजूद लोगों में भी उत्साह देखने को मिला। प्रतियोगिता के माध्यम से विद्यार्थियों को अपनी गायन क्षमता को बड़े मंच पर प्रस्तुत करने का अवसर मिला। साथ ही उन्हें समूह में काम करने, अनुशासन और सामूहिक जिम्मेदारी जैसे गुणों को विकसित करने का भी अनुभव प्राप्त हुआ।
हिंदी और संस्कृत में प्रस्तुत किए गए राष्ट्रभक्ति गीतों ने कार्यक्रम को विशेष रूप से आकर्षक बनाया। भारतीय संस्कृति और देश के प्रति सम्मान की भावना को गीतों के माध्यम से विद्यार्थियों ने अपनी प्रस्तुति में शामिल किया।
आयोजक सोमनाथ प्रूथी ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रमों का उद्देश्य केवल प्रतियोगिता आयोजित करना नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों को भारतीय संस्कृति से जोड़ना और उनमें राष्ट्रप्रेम की भावना को मजबूत करना भी है।
उन्होंने कहा कि बच्चों और युवाओं के बीच सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देने से उन्हें देश की विविधता, परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत को समझने का अवसर मिलता है। समूहगान जैसे आयोजन विद्यार्थियों को एक साथ मिलकर प्रस्तुति देने और सामूहिकता की भावना को समझने का अवसर भी प्रदान करते हैं।

भारत विकास परिषद की ओर से आयोजित इस प्रतियोगिता में विद्यार्थियों की भागीदारी को इसी उद्देश्य से महत्वपूर्ण माना गया। कार्यक्रम में प्रस्तुत गीतों के माध्यम से विद्यार्थियों ने देश के प्रति अपनी भावनाओं को अभिव्यक्त किया।
प्रतियोगिता का परिणाम दोपहर बाद घोषित किया जाना था। प्रतियोगिता में विजेता बनने वाली टीम को आगे हजारीबाग में आयोजित प्रांतीय स्तर की प्रतियोगिता में धनबाद का प्रतिनिधित्व करने का अवसर मिलेगा।
प्रांतीय स्तर पर होने वाली प्रतियोगिता में विभिन्न क्षेत्रों की विजेता टीमें हिस्सा लेंगी। वहां बेहतर प्रदर्शन करने वाली टीम को आगे राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में शामिल होने का अवसर प्राप्त होगा। ऐसे में धनबाद में आयोजित प्रतियोगिता में भाग लेने वाले विद्यार्थियों के लिए यह आयोजन केवल स्थानीय स्तर की प्रतियोगिता तक सीमित नहीं रहा, बल्कि उनके लिए आगे बढ़ने का एक अवसर भी बना।
विजेता टीम के सामने अब प्रांतीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन करने की चुनौती होगी। हजारीबाग में होने वाली प्रतियोगिता में टीम को अपनी गायन प्रतिभा, सामूहिक तालमेल और प्रस्तुति के स्तर को और बेहतर तरीके से प्रदर्शित करना होगा।
कार्यक्रम में शामिल छात्र-छात्राओं के लिए यह प्रतियोगिता अपनी प्रतिभा को सार्वजनिक मंच पर प्रदर्शित करने का अवसर रही। स्कूल स्तर पर होने वाली सांस्कृतिक गतिविधियों से आगे निकलकर इस तरह की प्रतियोगिताएं विद्यार्थियों को बड़े मंच पर अपनी क्षमता दिखाने का अवसर देती हैं।
समूहगान में केवल एक अच्छे गायक की भूमिका महत्वपूर्ण नहीं होती, बल्कि पूरी टीम के बीच तालमेल, सुर, लय और सामूहिक प्रस्तुति भी अहम होती है। प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने इसी सामूहिक प्रयास के जरिए अपनी प्रस्तुतियां दीं।
कार्यक्रम के दौरान मौजूद लोगों ने विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों को सराहा। देशभक्ति गीतों की प्रस्तुतियों के बीच सभागार में उत्साह और उमंग का माहौल बना रहा।
प्रतियोगिता के समापन पर भारत विकास परिषद की ओर से आयोजक सोमनाथ प्रूथी ने सभी प्रतिभागी विद्यालयों, विद्यार्थियों, अतिथियों और मीडिया प्रतिनिधियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
उन्होंने प्रतियोगिता को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी लोगों का धन्यवाद किया। साथ ही विद्यार्थियों को भविष्य में भी इस तरह की सांस्कृतिक एवं शैक्षणिक गतिविधियों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने के लिए प्रोत्साहित किया।
धनबाद में आयोजित इस राष्ट्रीय समूहगान प्रतियोगिता ने एक बार फिर यह दिखाया कि विद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के भीतर गायन और सांस्कृतिक प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। ऐसे मंच उन्हें अपनी प्रतिभा को पहचानने और उसे बड़े स्तर पर प्रस्तुत करने का अवसर देते हैं।
अब सभी की नजरें हजारीबाग में होने वाली प्रांतीय प्रतियोगिता पर रहेंगी, जहां धनबाद की विजेता टीम अपनी प्रस्तुति के जरिए जिले का प्रतिनिधित्व करेगी।