Dhanbad News : मिलादुन्नबी पर धनबाद में भाईचारे और अमन का पैगाम, 16 वर्षों की सेवा परंपरा कायम
Dhanbad News : बरवाअड्डा में निकले भव्य जुलूस में उमड़ा जनसैलाब, नौजवान कमेटी ने श्रद्धालुओं के लिए शीतल जल, प्राथमिक उपचार और एम्बुलेंस की सुविधा उपलब्ध कराई
Dhanbad News : ईद-उल-मिलादुन्नबी के अवसर पर धनबाद के बरवाअड्डा क्षेत्र में आस्था, सेवा, भाईचारे और राष्ट्रभक्ति का संदेश देखने को मिला। नौजवान कमेटी ने लगातार 16 वर्षों से चली आ रही सेवा परंपरा को कायम रखते हुए श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए व्यापक इंतजाम किए। वहीं आसपास के कई गांवों से निकले जुलूस में सैकड़ों लोग शामिल हुए और अमन-शांति तथा आपसी सौहार्द का संदेश दिया।
Dhanbad News : ईद-उल-मिलादुन्नबी के अवसर पर धनबाद में धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक सेवा और आपसी भाईचारे की मिसाल देखने को मिली। पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब के यौम-ए-पैदाइश के मौके पर बरवाअड्डा क्षेत्र में आयोजित कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया। इस दौरान जहां एक ओर नौजवान कमेटी ने अपनी 16 वर्षों पुरानी सेवा परंपरा को आगे बढ़ाया, वहीं दूसरी ओर विशाल जुलूस के जरिए समाज में अमन, शांति और सौहार्द का संदेश दिया गया।
मिलादुन्नबी के मौके पर आयोजित कार्यक्रमों में धार्मिक उत्साह के साथ सामाजिक जिम्मेदारी की भावना भी देखने को मिली। आयोजकों ने लोगों की सुविधा और सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए कई स्तरों पर व्यवस्था की थी।
नौजवान कमेटी की ओर से आयोजित जनसेवा कार्यक्रम इस आयोजन का प्रमुख आकर्षण रहा। कमेटी ने लगातार 16 वर्षों से चली आ रही अपनी सेवा परंपरा को इस वर्ष भी कायम रखा। जुलूस और कार्यक्रम में शामिल होने वाले लोगों के लिए शीतल पेयजल की व्यवस्था की गई, ताकि गर्मी और भीड़ के बीच किसी को परेशानी न हो।
इसके अलावा जरूरतमंद लोगों के लिए प्राथमिक उपचार की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई। किसी आपात स्थिति से निपटने के लिए एम्बुलेंस की व्यवस्था रखी गई थी। कमेटी के सदस्यों ने पूरे कार्यक्रम के दौरान लोगों की मदद की और व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने में सक्रिय भूमिका निभाई।
आयोजकों ने प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का भी पालन किया। पुलिस और प्रशासन को कार्यक्रम के सफल संचालन में पूरा सहयोग देने की बात कही गई। इससे आयोजन के दौरान व्यवस्था बनाए रखने और लोगों की सुविधा सुनिश्चित करने में मदद मिली।
नौजवान कमेटी के प्रतिनिधि सोहराब खान और उनकी टीम ने कहा कि हजरत मोहम्मद साहब का जीवन पूरी मानवता के लिए प्रेम, करुणा, दया और इंसानियत का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि समाज में ऊंच-नीच और भेदभाव को समाप्त कर सभी लोगों के साथ समानता और भाईचारे की भावना से रहना जरूरी है।
सोहराब खान ने यह भी कहा कि एक मुस्लिम होने के साथ-साथ भारतीय नागरिक के रूप में देश की सेवा करना गर्व की बात है। उन्होंने समाज के लोगों से देश की एकता और अखंडता को मजबूत करने तथा आपसी सद्भाव बनाए रखने की अपील की।
कार्यक्रम के दौरान धार्मिक भावना के साथ राष्ट्र और समाज के प्रति जिम्मेदारी का संदेश भी प्रमुखता से सामने आया। आयोजकों ने कहा कि किसी भी समाज की मजबूती आपसी सहयोग, शांति और भाईचारे पर निर्भर करती है।
वहीं बरवाअड्डा क्षेत्र में मिलादुन्नबी के अवसर पर निकाले गए जुलूस में आसपास के कई गांवों से बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। बरवाअड्डा के अलावा चरकपत्थर, संभारी, मुर्रा डीह, कुर्मी डीह और सीमरा सहित आसपास के गांवों से सैकड़ों की संख्या में मुस्लिम समुदाय के लोग जुलूस में पहुंचे।
जुलूस को लेकर लोगों में खासा उत्साह देखने को मिला। धार्मिक भावना और सामाजिक सौहार्द के संदेश के साथ जुलूस निर्धारित मार्ग से आगे बढ़ा। इस दौरान लोगों ने अमन और शांति का संदेश दिया और समाज में भाईचारे को मजबूत करने की अपील की।
जुलूस की शुरुआत मुर्रा डीह से हुई। इसके बाद जुलूस विभिन्न इलाकों से गुजरते हुए किसान चौक पहुंचा। किसान चौक पर पहुंचने के बाद जुलूस सभा में तब्दील हो गया। यहां धार्मिक विद्वानों और वक्ताओं ने लोगों को संबोधित किया।
किसान चौक पर आयोजित सभा को संबोधित करते हुए मौलाना अब्दुल रशिद अजीजी ने लोगों से आपसी भाईचारा बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि समाज में शांति और सौहार्द बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी है। लोगों को आपसी मतभेदों से ऊपर उठकर अमन और इंसानियत के रास्ते पर चलना चाहिए।
उन्होंने मिलादुन्नबी के संदेश को केवल धार्मिक आयोजन तक सीमित नहीं रखने की बात कही। उनके अनुसार, पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब की शिक्षाएं मानवता, दया, प्रेम और शांति का रास्ता दिखाती हैं। ऐसे आयोजनों के माध्यम से समाज में सकारात्मक संदेश पहुंचाने और लोगों को एक-दूसरे के करीब लाने का प्रयास होना चाहिए।
सभा में मौजूद लोगों ने भी आपसी एकता और भाईचारे को बनाए रखने का संकल्प लिया। पूरे कार्यक्रम में धार्मिक उत्साह के साथ सामाजिक सद्भाव का वातावरण देखने को मिला।
मिलादुन्नबी के इस आयोजन ने धनबाद में धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक सेवा और भाईचारे की भावना को भी सामने रखा। नौजवान कमेटी की ओर से लगातार 16 वर्षों से की जा रही सेवा लोगों के लिए मददगार साबित हुई। वहीं जुलूस में शामिल लोगों ने अमन-शांति और आपसी सौहार्द का संदेश दिया।
आयोजकों का कहना है कि धार्मिक पर्व केवल आस्था व्यक्त करने का माध्यम नहीं हैं, बल्कि इनके जरिए समाज में प्रेम, सहयोग, सद्भाव और इंसानियत का संदेश भी पहुंचाया जा सकता है। धनबाद में आयोजित मिलादुन्नबी कार्यक्रम ने इसी सोच को मजबूत किया।
कुल मिलाकर, ईद-उल-मिलादुन्नबी के मौके पर धनबाद के बरवाअड्डा क्षेत्र में आयोजित जुलूस और सेवा कार्यक्रमों ने समाज को एकता, भाईचारे, अमन और इंसानियत का संदेश दिया। 16 वर्षों की सेवा परंपरा को जारी रखते हुए नौजवान कमेटी ने सामाजिक जिम्मेदारी की मिसाल पेश की, जबकि विभिन्न गांवों से पहुंचे लोगों ने मिलकर शांति और सौहार्द की भावना को मजबूत किया। कार्यक्रम का यही संदेश रहा कि प्रेम, इंसानियत, भाईचारा और देश के प्रति समर्पण ही एक मजबूत और शांतिपूर्ण समाज की आधारशिला है।