Dhanbad News : एसएनएमएमसीएच धनबाद में मेडिकल छात्रों की ग्रेजुएशन सेरेमनी, 50 से अधिक एमबीबीएस छात्रों को मिला प्रमाणपत्र
Dhanbad News : 2020 बैच के छात्र-छात्राओं ने पूरी की मेडिकल शिक्षा, फैकल्टी और अभिभावकों की मौजूदगी में यादगार बना समारोह
Dhanbad News : धनबाद के शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (SNMMCH) में 2020 बैच के 50 से अधिक एमबीबीएस छात्रों के लिए ग्रेजुएशन सेरेमनी आयोजित की गई। समारोह में छात्रों को प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया गया तथा डॉक्टर के रूप में समाज सेवा का संकल्प दिलाया गया।
शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (SNMMCH) में वर्ष 2020 बैच के एमबीबीएस छात्र-छात्राओं की पढ़ाई पूरी होने के उपलक्ष्य में भव्य ग्रेजुएशन सेरेमनी का आयोजन किया गया। इस विशेष अवसर पर 50 से अधिक मेडिकल छात्रों को उनकी एमबीबीएस शिक्षा पूर्ण करने पर प्रमाणपत्र प्रदान किए गए। समारोह में कॉलेज प्रशासन, विभिन्न विभागों के फैकल्टी सदस्य, वरिष्ठ प्रोफेसर और छात्रों के अभिभावकों की उपस्थिति ने कार्यक्रम को भावनात्मक और गौरवपूर्ण बना दिया।
यह आयोजन केवल डिग्री प्राप्त करने का समारोह नहीं था, बल्कि उन वर्षों की मेहनत, संघर्ष और समर्पण का उत्सव भी था, जिसने इन छात्रों को डॉक्टर बनने की मंजिल तक पहुंचाया।
एसएनएमएमसीएच परिसर में आयोजित इस समारोह में वर्ष 2020 बैच के 50 से अधिक एमबीबीएस छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। मंच पर एक-एक कर सभी छात्रों को प्रमाणपत्र प्रदान किए गए और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई।
कॉलेज के प्रिंसिपल और वरिष्ठ शिक्षकों ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि मेडिकल शिक्षा केवल एक डिग्री नहीं, बल्कि समाज के प्रति जिम्मेदारी का प्रतीक है। उन्होंने छात्रों से अपने ज्ञान और कौशल का उपयोग मानव सेवा के लिए करने का आह्वान किया।
समारोह के दौरान छात्रों ने पारंपरिक ग्रेजुएशन गाउन पहनकर प्रमाणपत्र ग्रहण किए, जिससे पूरे परिसर में उत्साह और उपलब्धि का माहौल देखने को मिला।
ग्रेजुएशन सेरेमनी का सबसे भावुक दृश्य तब देखने को मिला जब अभिभावकों ने अपने बच्चों को मंच पर प्रमाणपत्र प्राप्त करते हुए देखा। वर्षों की कठिन तैयारी, मेडिकल प्रवेश परीक्षा से लेकर लंबी पढ़ाई और क्लिनिकल प्रशिक्षण तक का सफर इस एक पल में साकार होता नजर आया।
कई अभिभावकों की आंखों में खुशी के आंसू थे। छात्रों ने भी स्वीकार किया कि डॉक्टर बनने का सपना केवल उनका व्यक्तिगत सपना नहीं था, बल्कि उनके माता-पिता और पूरे परिवार की उम्मीदों का परिणाम था।
कार्यक्रम में मौजूद परिवारों ने इसे जीवन का अविस्मरणीय क्षण बताया और कॉलेज प्रशासन का इस सम्मानजनक आयोजन के लिए आभार व्यक्त किया।
समारोह में कॉलेज के विभिन्न विभागों के फैकल्टी सदस्यों और प्रोफेसरों ने छात्रों को प्रेरणादायक संदेश दिए। उन्होंने कहा कि मेडिकल प्रोफेशन में ज्ञान के साथ संवेदनशीलता और नैतिकता सबसे महत्वपूर्ण गुण हैं।
शिक्षकों ने छात्रों को याद दिलाया कि अब वे केवल विद्यार्थी नहीं, बल्कि समाज के भरोसेमंद चिकित्सक बनने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने मरीजों के प्रति करुणा, ईमानदारी और सेवा भावना को अपने पेशे का आधार बनाने की सलाह दी।
फैकल्टी सदस्यों ने यह भी कहा कि एसएनएमएमसीएच के छात्र राज्य और देश की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
ग्रेजुएशन सेरेमनी के दौरान पासआउट छात्र डॉ. शिवम सिन्हा ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि मेडिकल की पढ़ाई आसान नहीं होती। अनगिनत रातों की पढ़ाई, लगातार परीक्षाएं, अस्पताल में क्लिनिकल ड्यूटी और मरीजों के बीच सीखने का अनुभव उन्हें एक बेहतर डॉक्टर बनने के लिए तैयार करता है।
उन्होंने कहा कि यह प्रमाणपत्र उनके जीवन की सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक है और अब उनकी प्राथमिकता समाज की सेवा करना होगी।
वहीं, एमबीबीएस छात्रा मही प्रियदर्शिनी ने कहा कि वरिष्ठ छात्रों को ग्रेजुएट होते देख नए बैच के छात्रों को भी प्रेरणा मिलती है। उन्होंने बताया कि एसएनएमएमसीएच का शैक्षणिक वातावरण और शिक्षकों का मार्गदर्शन छात्रों को उत्कृष्ट चिकित्सक बनने में मदद करता है।
एमबीबीएस की पढ़ाई पांच वर्षों से अधिक समय तक चलने वाली कठिन शैक्षणिक प्रक्रिया है, जिसमें सैद्धांतिक अध्ययन के साथ व्यावहारिक प्रशिक्षण भी शामिल होता है। ग्रेजुएशन सेरेमनी इस यात्रा के सफल समापन का प्रतीक मानी जाती है।
वर्ष 2020 बैच के छात्रों ने कोविड महामारी जैसे चुनौतीपूर्ण दौर में भी अपनी पढ़ाई जारी रखी। ऑनलाइन शिक्षा, सीमित संसाधनों और अस्पतालों में व्यावहारिक प्रशिक्षण जैसी परिस्थितियों के बीच इन छात्रों ने अपनी मेडिकल शिक्षा पूरी की।
इस कारण यह ग्रेजुएशन समारोह उनके लिए और भी अधिक विशेष बन गया, क्योंकि उन्होंने असाधारण परिस्थितियों में अपनी मंजिल हासिल की।
समारोह के अंत में सभी छात्रों ने डॉक्टर के रूप में समाज की सेवा करने का संकल्प दोहराया। उन्होंने अपने शिक्षकों और अभिभावकों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके सहयोग के बिना यह सफलता संभव नहीं थी।
कॉलेज प्रशासन ने उम्मीद जताई कि ये युवा चिकित्सक भविष्य में ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण योगदान देंगे।
ग्रेजुएशन सेरेमनी ने एसएनएमएमसीएच के इतिहास में एक और गौरवपूर्ण अध्याय जोड़ दिया। वर्षों की मेहनत और समर्पण के बाद डिग्री प्राप्त करने वाले छात्रों के लिए यह दिन सम्मान, प्रेरणा और नई जिम्मेदारियों की शुरुआत का प्रतीक बन गया।
छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों की मुस्कान ने यह साबित कर दिया कि डॉक्टर बनने का सफर केवल एक पेशे तक सीमित नहीं, बल्कि समाज के प्रति सेवा और विश्वास की नई शुरुआत है।