Dhanbad News : भूली ओपी में जेएमएम नेता से कथित दुर्व्यवहार का आरोप, आक्रोशित लोगों ने फूंका ओपी प्रभारी का पुतला
Dhanbad News : राजू हाड़ी ने ओपी प्रभारी और कथित निजी ड्राइवर पर लगाए गंभीर आरोप, निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग; शांति समिति के सदस्यों ने बैठकों के बहिष्कार का लिया निर्णय
Dhanbad News : धनबाद के भूली ओपी में झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम) बुद्धिजीवी मंच के जिला अध्यक्ष राजू हाड़ी के साथ कथित दुर्व्यवहार और जातिसूचक अपशब्दों के इस्तेमाल का मामला सामने आया है। आरोपों के विरोध में शनिवार को स्थानीय लोगों और जेएमएम समर्थकों ने सी ब्लॉक सेक्टर-5 के समीप प्रदर्शन किया और भूली ओपी प्रभारी का पुतला दहन किया। प्रदर्शनकारियों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई और कथित निजी ड्राइवर को हटाने की मांग की है।
धनबाद के भूली क्षेत्र में शनिवार को पुलिस-प्रशासन के खिलाफ लोगों का आक्रोश देखने को मिला। भूली ओपी में जेएमएम बुद्धिजीवी मंच के धनबाद जिला अध्यक्ष राजू हाड़ी के साथ कथित दुर्व्यवहार और जातिसूचक अपशब्दों के इस्तेमाल के आरोप के बाद स्थानीय लोगों और जेएमएम समर्थकों ने विरोध प्रदर्शन किया।
सी ब्लॉक सेक्टर-5 के समीप बड़ी संख्या में लोग एकत्र हुए। प्रदर्शन के दौरान लोगों ने भूली ओपी प्रभारी के खिलाफ नारेबाजी की और कथित व्यवहार पर नाराजगी जताई। इसके बाद प्रदर्शनकारियों ने भूली ओपी प्रभारी का पुतला दहन कर अपना विरोध दर्ज कराया।
लोगों का कहना था कि पुलिस थाना आम जनता के लिए न्याय और सुरक्षा का स्थान है। ऐसे में यदि किसी पुलिस अधिकारी या पुलिस से जुड़े व्यक्ति पर आम नागरिक अथवा जनप्रतिनिधि के साथ अपमानजनक व्यवहार करने का आरोप लगता है, तो उसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
जेएमएम बुद्धिजीवी मंच के धनबाद जिला अध्यक्ष राजू हाड़ी के अनुसार, वह एक सामाजिक कार्य से जुड़े मामले को लेकर भूली ओपी पहुंचे थे। उनका आरोप है कि इसी दौरान उनके साथ कथित तौर पर अपमानजनक व्यवहार किया गया।
राजू हाड़ी का दावा है कि ओपी प्रभारी और वहां मौजूद एक कथित निजी ड्राइवर की ओर से उनके साथ दुर्व्यवहार किया गया और जातिसूचक अपशब्दों का इस्तेमाल किया गया। इस घटना के बाद उन्होंने मामले को गंभीरता से उठाते हुए संबंधित पुलिस अधिकारियों के व्यवहार और भूली ओपी के कामकाज को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं।
हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। मामले में पुलिस या संबंधित पक्ष का आधिकारिक पक्ष सामने आने के बाद तस्वीर और स्पष्ट हो सकती है।
राजू हाड़ी ने भूली ओपी में कथित रूप से सक्रिय एक निजी ड्राइवर को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि उक्त व्यक्ति खुद को ओपी प्रभारी के तौर पर पेश करता है और थाने आने वाले आम लोगों के साथ कथित तौर पर दुर्व्यवहार करता है।
उन्होंने आरोप लगाया कि थाने में कई काम कथित निजी ड्राइवर के आदेश के बिना नहीं होते। इसके अलावा उन्होंने आम लोगों से पैसे लिए जाने की शिकायतों का भी दावा किया है।
इन आरोपों को लेकर अब पुलिस-प्रशासन की भूमिका महत्वपूर्ण हो गई है। यदि शिकायतों में लगाए गए आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित लोगों के खिलाफ विभागीय या कानूनी कार्रवाई की मांग उठ सकती है। वहीं, आरोपों की वास्तविकता सामने लाने के लिए निष्पक्ष जांच को जरूरी बताया जा रहा है।
घटना का असर भूली क्षेत्र की शांति समिति तक पहुंचने की बात सामने आई है। राजू हाड़ी के अनुसार, मामले को लेकर शांति समिति के सदस्यों में भी नाराजगी है।
उनका दावा है कि शांति समिति के सदस्यों ने सर्वसम्मति से आने वाले समय में आयोजित होने वाली सभी शांति समिति की बैठकों का बहिष्कार करने का निर्णय लिया है।
भूली जैसे संवेदनशील क्षेत्र में शांति समिति की भूमिका स्थानीय स्तर पर काफी महत्वपूर्ण मानी जाती है। ऐसे में समिति के सदस्यों की नाराजगी को लेकर भी प्रशासन के सामने स्थिति को सामान्य करने की चुनौती हो सकती है।
प्रदर्शन में शामिल लोगों ने झारखंड के मुख्यमंत्री और धनबाद के एसएसपी से पूरे मामले में तत्काल हस्तक्षेप करने की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने भूली ओपी प्रभारी के साथ कथित निजी ड्राइवर को भी हटाने की मांग रखी।
लोगों का कहना है कि पुलिस थाने में आने वाले प्रत्येक व्यक्ति के साथ सम्मानजनक व्यवहार होना चाहिए। किसी व्यक्ति के साथ जातिसूचक टिप्पणी या अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किए जाने का आरोप बेहद गंभीर है और इसकी निष्पक्ष जांच आवश्यक है।
प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि पूरे मामले की जांच निष्पक्ष तरीके से कराई जाए और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
शनिवार को सी ब्लॉक सेक्टर-5 के पास हुए विरोध प्रदर्शन में स्थानीय लोगों के साथ जेएमएम समर्थक भी मौजूद रहे। प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी करते हुए अपनी नाराजगी जाहिर की और इसके बाद भूली ओपी प्रभारी का पुतला दहन किया।
प्रदर्शन के दौरान लोगों ने पुलिस प्रशासन से आम जनता की शिकायतों को गंभीरता से लेने और थाने की कार्यप्रणाली को पारदर्शी बनाने की मांग की।
जेएमएम नेता के साथ कथित दुर्व्यवहार का यह मामला अब राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर भी चर्चा का विषय बन गया है। क्षेत्र के लोगों की नजर अब पुलिस-प्रशासन की अगली कार्रवाई पर है।
फिलहाल भूली क्षेत्र में इस मामले को लेकर आक्रोश का माहौल है। प्रदर्शनकारियों की ओर से लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। ऐसे में पुलिस प्रशासन की ओर से मामले की जांच और संबंधित पक्षों के बयान महत्वपूर्ण होंगे।
सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या प्रशासन इन आरोपों को लेकर कोई जांच शुरू करता है और क्या भूली ओपी के कामकाज से जुड़े लगाए गए आरोपों की भी पड़ताल की जाएगी।
स्थानीय लोगों की मांग है कि मामले को केवल विरोध प्रदर्शन तक सीमित न रखा जाए, बल्कि आरोपों की निष्पक्ष जांच कर सच्चाई सामने लाई जाए। अब देखना होगा कि धनबाद पुलिस और प्रशासन इस पूरे विवाद पर क्या कदम उठाता है।