Dhanbad News : धनबाद की 3.46 लाख महिलाओं के खातों में पहुंचे 259 करोड़ रुपये, मंईयां सम्मान योजना से मिली आर्थिक मजबूती
Dhanbad News : मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना और सर्वजन पेंशन योजना के तहत करोड़ों रुपये डीबीटी के माध्यम से सीधे लाभुकों के खातों में हस्तांतरित, उपायुक्त आदित्य रंजन ने कहा- महिलाओं और पेंशनधारियों को मिल रही आर्थिक सुरक्षा
Dhanbad News : धनबाद जिले में मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना के तहत 3.46 लाख महिलाओं के खातों में अप्रैल से जून 2026 की 259.56 करोड़ रुपये की सम्मान राशि एकमुश्त भेजी गई है। वहीं मुख्यमंत्री सर्वजन पेंशन योजना के तहत करीब 1.97 लाख लाभुकों को 60.96 करोड़ रुपये से अधिक की राशि डीबीटी के माध्यम से हस्तांतरित की गई। उपायुक्त आदित्य रंजन ने कहा कि सरकार का उद्देश्य पात्र लाभुकों तक बिना किसी बिचौलिये के समय पर योजनाओं का लाभ पहुंचाना है।
झारखंड सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना के तहत धनबाद जिले की लाखों महिलाओं को बड़ी आर्थिक राहत मिली है। सरकार ने अप्रैल, मई और जून 2026 की तीन माह की सम्मान राशि एकमुश्त लाभुकों के बैंक खातों में हस्तांतरित कर दी है। इस पहल से जिले की 3 लाख 46 हजार 91 महिलाओं को सीधा लाभ मिला है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री सर्वजन पेंशन योजना के तहत भी लगभग दो लाख लाभुकों के खातों में पहली तिमाही की पेंशन राशि भेजी गई है। दोनों योजनाओं के तहत कुल 320 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे लाभार्थियों के खातों में पहुंचाई गई है।
राज्य सरकार का मानना है कि प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) व्यवस्था से योजनाओं में पारदर्शिता बढ़ी है और पात्र लाभुकों तक समय पर राशि पहुंच रही है। इससे महिलाओं की आर्थिक स्थिति मजबूत होने के साथ-साथ वृद्ध, दिव्यांग और अन्य पेंशनधारियों को भी नियमित वित्तीय सहायता मिल रही है।
मंईयां सम्मान योजना के तहत 259.56 करोड़ रुपये का भुगतान
मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना के अंतर्गत धनबाद जिले के सभी प्रखंडों और अंचलों के कुल 3 लाख 46 हजार 91 स्वीकृत लाभुकों को अप्रैल से जून 2026 तक की सम्मान राशि सीधे उनके बैंक खातों में भेजी गई है।
इस अवधि में सरकार ने 259 करोड़ 56 लाख 82 हजार 500 रुपये की राशि लाभुक महिलाओं के खातों में जमा कराई। यह भुगतान डीबीटी के माध्यम से किया गया, जिससे लाभुकों को किसी भी प्रकार की कार्यालयी प्रक्रिया या बिचौलियों का सामना नहीं करना पड़ा।
सरकार का उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना, घरेलू खर्चों में सहयोग देना तथा उनके सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण को बढ़ावा देना है। योजना के माध्यम से नियमित वित्तीय सहायता मिलने से महिलाओं को अपने परिवार की आवश्यकताओं को पूरा करने में मदद मिल रही है।
सर्वजन पेंशन योजना के तहत भी मिला लाभ
मुख्यमंत्री सर्वजन पेंशन योजना के तहत भी धनबाद जिले में बड़ी संख्या में लाभुकों को राहत मिली है। वित्तीय वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही यानी अप्रैल, मई और जून की पेंशन राशि एकमुश्त लाभार्थियों के खातों में हस्तांतरित की गई।
इस योजना के तहत जिले के 1 लाख 97 हजार 205 लाभुकों को 60 करोड़ 96 लाख रुपये से अधिक की राशि का सफल भुगतान किया गया।
इस योजना का लाभ वृद्धजनों, दिव्यांगजनों, विधवा महिलाओं तथा अन्य पात्र लाभुकों को मिल रहा है। नियमित पेंशन मिलने से उनकी दैनिक जरूरतों को पूरा करने में सहायता मिल रही है और आर्थिक असुरक्षा भी कम हो रही है।
डीबीटी से बढ़ी पारदर्शिता और भरोसा
दोनों योजनाओं की राशि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से सीधे लाभुकों के बैंक खातों में भेजी गई है। इससे भुगतान प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और तेज बनी है।
डीबीटी व्यवस्था के कारण लाभार्थियों को समय पर राशि प्राप्त हो रही है। साथ ही बिचौलियों की भूमिका समाप्त होने से भ्रष्टाचार की संभावनाएं भी कम हुई हैं। सरकार लगातार डिजिटल भुगतान प्रणाली को मजबूत बनाने पर जोर दे रही है ताकि सभी पात्र लोगों तक योजनाओं का लाभ बिना किसी बाधा के पहुंच सके।
उपायुक्त आदित्य रंजन ने क्या कहा?
धनबाद के उपायुक्त आदित्य रंजन ने बताया कि सरकार की प्राथमिकता है कि सभी पात्र लाभुकों को बिना किसी बिचौलिये के समय पर सरकारी योजनाओं का लाभ मिले।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना और सर्वजन पेंशन योजना के तहत सीधे बैंक खातों में राशि भेजे जाने से महिलाओं और पेंशनधारियों को आर्थिक सुरक्षा मिली है। इससे सरकारी योजनाओं के प्रति लोगों का विश्वास भी मजबूत हुआ है।
उपायुक्त ने कहा कि जिला प्रशासन यह सुनिश्चित कर रहा है कि भविष्य में भी सभी पात्र लाभुकों को समय पर योजनाओं का लाभ मिलता रहे और किसी भी योग्य व्यक्ति का नाम सूची से न छूटे।
महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम
मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना को राज्य सरकार महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानती है। योजना के तहत मिलने वाली सम्मान राशि से महिलाएं घरेलू जरूरतों, बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य संबंधी खर्च और अन्य आवश्यक कार्यों में आर्थिक सहायता प्राप्त कर रही हैं।
ग्रामीण क्षेत्रों में इस योजना का प्रभाव अधिक देखने को मिल रहा है, जहां नियमित आय के सीमित स्रोत होने के कारण यह आर्थिक सहायता परिवारों के लिए उपयोगी साबित हो रही है। महिलाओं के बैंक खातों में सीधे राशि पहुंचने से उनकी वित्तीय भागीदारी भी बढ़ी है।
लाखों परिवारों को मिली राहत
धनबाद जिले में दोनों योजनाओं के तहत करोड़ों रुपये की राशि सीधे लाभुकों के खातों में पहुंचने से लाखों परिवारों को आर्थिक राहत मिली है। प्रशासन का कहना है कि भविष्य में भी भुगतान प्रक्रिया को समयबद्ध और पारदर्शी बनाए रखा जाएगा ताकि पात्र लाभार्थियों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
सरकार की इन योजनाओं का उद्देश्य केवल आर्थिक सहायता प्रदान करना ही नहीं, बल्कि समाज के कमजोर वर्गों को सामाजिक सुरक्षा उपलब्ध कराना भी है। महिलाओं, वृद्धजनों और अन्य पात्र लाभुकों को नियमित वित्तीय सहयोग मिलने से उनकी जीवन गुणवत्ता में सुधार आने की उम्मीद है।