Dhanbad Encounter : जमीन कारोबारी से 5 लाख की लेवी वसूलने पहुंचे तीन अपराधियों से पुलिस की मुठभेड़, दो के पैर में लगी गोली
Dhanbad Encounter : बरवाअड्डा थाना क्षेत्र के निरंकारी चौक पर देर रात हुई मुठभेड़, पुलिस ने पिस्टल, कारतूस, बाइक और दो मोबाइल बरामद किए; तीसरे आरोपी की तलाश में छापेमारी जारी
Dhanbad Encounter : धनबाद के बरवाअड्डा थाना क्षेत्र में जमीन कारोबारी से 5 लाख रुपये की लेवी वसूलने पहुंचे तीन अपराधियों और पुलिस के बीच देर रात मुठभेड़ हो गई। जवाबी फायरिंग में इरफान आलम और नन्हे उर्फ नाजिर अंसारी घायल हुए, जबकि तीसरा आरोपी फरार हो गया।
झारखंड के धनबाद जिले के बरवाअड्डा थाना क्षेत्र में सोमवार देर रात पुलिस और अपराधियों के बीच हुई मुठभेड़ ने एक बार फिर जिले में सक्रिय संगठित अपराध की चुनौती को उजागर कर दिया। पुलिस के अनुसार, तीन अपराधी एक जमीन कारोबारी से पांच लाख रुपये की लेवी वसूलने के इरादे से निरंकारी चौक पहुंचे थे। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस मौके पर पहुंची तो अपराधियों ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में दो अपराधियों के पैर में गोली लगी, जबकि तीसरा आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया।
घायल अपराधियों की पहचान वासेपुर नूरी मस्जिद रोड निवासी इरफान आलम उर्फ टुन्ना (35 वर्ष) और पुटकी निवासी नन्हे उर्फ नाजिर अंसारी (36 वर्ष) के रूप में हुई है। दोनों का इलाज धनबाद के शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (SNMMCH) में चल रहा है।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, सोमवार रात सूचना मिली थी कि प्रिंस खान और गोपी खान गिरोह से जुड़े तीन अपराधी एक जमीन कारोबारी से रंगदारी की रकम वसूलने के लिए निरंकारी चौक पहुंचने वाले हैं। सूचना मिलते ही बरवाअड्डा थाना की गश्ती टीम और अन्य पुलिस बल इलाके में पहुंच गए।
जैसे ही पुलिस ने संदिग्ध बाइक सवारों को रोकने की कोशिश की, अपराधियों ने पिस्टल निकालकर पुलिस पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। अपराधियों की एक गोली गश्ती वाहन के सामने के शीशे में जा लगी। हालांकि वाहन चालक और पुलिसकर्मी बाल-बाल बच गए।
पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिसमें इरफान आलम और नन्हे उर्फ नाजिर अंसारी के पैर में गोली लगी। दोनों मौके पर ही घायल होकर गिर पड़े, जबकि तीसरा साथी अंधेरे का फायदा उठाकर भाग निकला।
मंगलवार सुबह धनबाद के एसएसपी प्रभात कुमार और सिटी एसपी रित्विक श्रीवास्तव SNMMCH पहुंचे। दोनों अधिकारियों ने डॉक्टरों से घायल अपराधियों की स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी ली और इलाज में आवश्यक निर्देश दिए।
इसके साथ ही पुलिस अधिकारियों ने घायल आरोपियों से पूछताछ की प्रक्रिया शुरू करने तथा मामले की विस्तृत जांच तेज करने का निर्देश भी दिया। अस्पताल परिसर में सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ा दी गई ताकि किसी अप्रिय घटना की आशंका न रहे।
मुठभेड़ के बाद रांची से फॉरेंसिक साइंस लैब (FSL) की टीम घटनास्थल पर पहुंची। टीम ने मौके का वैज्ञानिक तरीके से निरीक्षण किया और कई महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्र किए।
पुलिस ने घटनास्थल से निम्नलिखित सामान बरामद किया:
- एक मोटरसाइकिल
- एक देसी पिस्टल
- चार जिंदा कारतूस
- दो मोबाइल फोन
पुलिस का दावा है कि बरामद मोबाइल फोन की प्रारंभिक जांच में कुख्यात अपराधी गोपी खान से बातचीत के साक्ष्य मिले हैं। अब मोबाइल का डिजिटल फॉरेंसिक विश्लेषण कराया जाएगा ताकि गिरोह के अन्य सदस्यों और नेटवर्क की जानकारी मिल सके।
धनबाद में पिछले कुछ वर्षों से रंगदारी और लेवी वसूली की घटनाओं में प्रिंस खान और गोपी खान गिरोह का नाम लगातार सामने आता रहा है। पुलिस का मानना है कि घायल दोनों आरोपी इसी नेटवर्क के लिए काम कर रहे थे।
जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि जमीन कारोबारी को कब से धमकियां मिल रही थीं, लेवी की मांग किस माध्यम से की गई थी और फरार आरोपी की भूमिका क्या थी। पुलिस को उम्मीद है कि घायल अपराधियों से पूछताछ में गिरोह के कई अन्य सदस्यों के नाम सामने आ सकते हैं।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, घायल आरोपी इरफान आलम उर्फ टुन्ना का पहले से आपराधिक इतिहास रहा है। वह कई मामलों में जेल जा चुका है और हाल ही में जमानत पर बाहर आया था।
वहीं दूसरे आरोपी नन्हे उर्फ नाजिर अंसारी के आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है। पुलिस उसके खिलाफ दर्ज पुराने मामलों और गिरोह से जुड़े संबंधों की जानकारी जुटा रही है।
अधिकारियों का कहना है कि दोनों आरोपियों से पूछताछ के बाद कई लंबित मामलों का भी खुलासा हो सकता है।
मुठभेड़ के दौरान फरार हुए तीसरे अपराधी की गिरफ्तारी के लिए धनबाद पुलिस ने विशेष अभियान शुरू कर दिया है। संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है और जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों को अलर्ट पर रखा गया है।
सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल लोकेशन और तकनीकी निगरानी के आधार पर पुलिस उसकी तलाश कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही फरार आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
धनबाद के एसएसपी प्रभात कुमार ने मुठभेड़ के बाद स्पष्ट शब्दों में कहा कि जिले में संगठित अपराध और रंगदारी वसूली को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
“संगठित अपराध को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अपराधी जिस भाषा में समझेगा, पुलिस उसी भाषा में जवाब देगी। हमारी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी और फरार आरोपी को भी जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।”
एसएसपी ने कहा कि धनबाद पुलिस अपराधियों के पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने की दिशा में काम कर रही है और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
इस मुठभेड़ के बाद धनबाद पुलिस ने संवेदनशील इलाकों में गश्त बढ़ा दी है। खासकर जमीन कारोबार, कोयला व्यापार और व्यवसायियों से जुड़े क्षेत्रों में निगरानी तेज कर दी गई है। पुलिस व्यवसायियों से भी अपील कर रही है कि यदि किसी प्रकार की रंगदारी या लेवी की धमकी मिले तो तुरंत पुलिस को सूचना दें।
जांच अभी जारी है और पुलिस को उम्मीद है कि फरार आरोपी की गिरफ्तारी के बाद इस संगठित गिरोह के नेटवर्क से जुड़े कई अहम खुलासे हो सकते हैं।