Dhanbad News : धनबाद CO से एक करोड़ की रंगदारी और गोली मारने की धमकी, राजगंज से आरोपी गिरफ्तार
Dhanbad News : जाति प्रमाण पत्र नहीं बनने से नाराज था आरोपी, पुलिस के मुताबिक मामा से बदला लेने के लिए CO को धमकाया और मामा का बैंक खाता नंबर दे दिया
Dhanbad News : धनबाद के अंचल अधिकारी रामप्रवेश कुमार को फोन और WhatsApp के जरिए एक करोड़ रुपये रंगदारी मांगने और गोली मारने की धमकी देने के मामले में पुलिस ने राजगंज से आरोपी पंकज कुमार दास को गिरफ्तार किया है। आरोपी के अनुसार, जाति प्रमाण पत्र से जुड़े काम को लेकर वह नाराज था और अपने मामा से बदला लेने के इरादे से उसने यह कदम उठाया। पुलिस मोबाइल, WhatsApp चैट और बैंक खाते समेत पूरे मामले की जांच कर रही है।
Dhanbad News : धनबाद में अंचल अधिकारी को फोन और WhatsApp के जरिए एक करोड़ रुपये रंगदारी मांगने तथा गोली मारने की धमकी देने के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी की गिरफ्तारी राजगंज इलाके से की गई। मामले में धनबाद थाना में प्राथमिकी दर्ज होने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की थी।
जानकारी के मुताबिक, धनबाद के अंचल अधिकारी रामप्रवेश कुमार को 14 सितंबर को फोन और WhatsApp के माध्यम से धमकी दी गई थी। धमकी देने वाले व्यक्ति ने कथित तौर पर एक करोड़ रुपये की रंगदारी की मांग की और रकम एक बैंक खाते में जमा कराने की बात कही। इसके साथ ही अधिकारी को गोली मारने की धमकी भी दी गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए अंचल अधिकारी ने धनबाद थाना में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और उपलब्ध जानकारी के आधार पर जांच आगे बढ़ाई और आरोपी तक पहुंचने में सफलता हासिल की।
पुलिस ने आरोपी की पहचान पंकज कुमार दास के रूप में की है। पुलिस ने उसे राजगंज से गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी से पूछताछ की गई। पुलिस अब इस मामले में धमकी देने के पीछे की पूरी वजह, रकम की मांग और बैंक खाते से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही है।
पुलिस की जांच में आरोपी के मोबाइल फोन, WhatsApp चैट और बैंक खाते को भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इन डिजिटल और वित्तीय साक्ष्यों के जरिए यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि धमकी किस तरीके से दी गई और रंगदारी की रकम के लिए जिस बैंक खाते का उल्लेख किया गया था, वह किसके नाम पर है।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया की जा रही है। मामले की जांच अभी जारी है और जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
गिरफ्तारी के बाद आरोपी पंकज कुमार दास ने खुद को निर्दोष बताते हुए पुलिस के सामने घटना की अलग वजह बताई है। आरोपी के मुताबिक, वह जाति प्रमाण पत्र बनवाने के सिलसिले में अंचल कार्यालय गया था। उसका दावा है कि जाति प्रमाण पत्र से जुड़ा उसका काम नहीं हो पाया, जिसके बाद वह नाराज था।
आरोपी ने पुलिस को बताया कि जमीन के एवज में उसे अपने मामा से करीब 90 लाख रुपये मिलने थे। इसी मामले को लेकर वह अपने मामा से नाराज था और कथित तौर पर उनसे बदला लेने के इरादे से उसने अंचल अधिकारी को धमकी दी।
आरोपी के बयान के अनुसार, उसने CO को धमकी देने के दौरान अपने मामा का बैंक खाता नंबर दे दिया। हालांकि, आरोपी द्वारा बताई गई इस कहानी और उसके दावों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर घटनाक्रम की वास्तविकता सामने लाने का प्रयास कर रही है।
इस पूरे मामले में सबसे अहम बात यह है कि अंचल अधिकारी से कथित तौर पर एक करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी गई थी। सरकारी अधिकारी को फोन और WhatsApp के जरिए धमकी दिए जाने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया।
पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि धमकी देने के पीछे आरोपी अकेला था या इस मामले में किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका भी है। इसके अलावा, जिस बैंक खाते में रकम जमा करने की बात कही गई थी, उसके संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है।
जांच एजेंसियां आमतौर पर ऐसे मामलों में कॉल डिटेल, मोबाइल लोकेशन, WhatsApp से संबंधित उपलब्ध डिजिटल साक्ष्य, बैंक खाते और लेनदेन की जानकारी को जांच का हिस्सा बनाती हैं। इस मामले में भी पुलिस द्वारा इसी तरह के साक्ष्यों की जांच किए जाने की बात सामने आई है।
धनबाद के डीएसपी (लॉ एंड ऑर्डर) प्रकाश सोय के मुताबिक, अंचल अधिकारी को धमकी देने के मामले में आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
पुलिस का कहना है कि आरोपी की गिरफ्तारी के बाद पूछताछ की गई है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। मामले में आरोपी के मोबाइल और अन्य संबंधित साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है।
फिलहाल आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजने की तैयारी है। पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि धमकी देने की पूरी वजह क्या थी और इस मामले में किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता है या नहीं।
पूरे मामले में आरोपी द्वारा बताई गई वजह ने जांच को एक अलग दिशा भी दी है। एक तरफ सरकारी अधिकारी से एक करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने और गोली मारने की कथित धमकी का मामला है, वहीं दूसरी तरफ आरोपी का दावा है कि उसने अपने मामा से बदला लेने के लिए अधिकारी को धमकी दी थी।
अब पुलिस के सामने चुनौती यह है कि आरोपी के दावों और उपलब्ध तकनीकी साक्ष्यों का मिलान किया जाए। आखिर धमकी किस उद्देश्य से दी गई, बैंक खाते का इस्तेमाल क्यों किया गया और क्या इसके पीछे केवल व्यक्तिगत विवाद था या कोई अन्य वजह—इन सभी सवालों के जवाब जांच के बाद ही सामने आएंगे।