Dhanbad News : करंट की चपेट में आने से मजदूर की दर्दनाक मौत, बिजली विभाग पर लापरवाही का आरोप
Dhanbad News : धनबाद के मनियाडीह थाना क्षेत्र के जीतपुर गांव में 220 वोल्ट का एलटी तार बना मौत का कारण, परिवार ने विभागीय कार्रवाई और मुआवजे की मांग उठाई
Dhanbad News : धनबाद के मनियाडीह थाना क्षेत्र स्थित जीतपुर गांव में करंट लगने से 39 वर्षीय मजदूर टेकलाल मंडल की दर्दनाक मौत हो गई। बताया जा रहा है कि घर के बाहर गिरा 220 वोल्ट का एलटी तार हादसे की वजह बना। परिजनों ने बिजली विभाग की लापरवाही पर गंभीर आरोप लगाते हुए कार्रवाई और उचित मुआवजे की मांग की है।
झारखंड के धनबाद जिले के मनियाडीह थाना क्षेत्र अंतर्गत जीतपुर गांव में बुधवार को एक दर्दनाक हादसे में मजदूर टेकलाल मंडल की करंट लगने से मौत हो गई। इस घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है, वहीं मृतक के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। बताया जा रहा है कि टेकलाल मंडल मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते थे और उनकी मौत के बाद परिवार पूरी तरह टूट चुका है।
जानकारी के अनुसार, गांव में घर के बाहर 220 वोल्ट का एलटी बिजली तार काफी देर से नीचे गिरा हुआ था। स्थानीय लोगों का कहना है कि तार नीचे गिरने की जानकारी पहले से थी, लेकिन समय रहते बिजली विभाग द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की गई। बुधवार सुबह जब 39 वर्षीय टेकलाल मंडल अपने घर से बाहर निकले, तभी उनका पैर नीचे गिरे बिजली तार पर पड़ गया और वह तेज करंट की चपेट में आ गए।
करंट लगते ही जमीन पर गिर पड़े टेकलाल
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, करंट लगते ही टेकलाल मंडल जमीन पर गिर पड़े और छटपटाने लगे। उनकी चीख सुनकर आसपास के लोग और परिजन मौके पर पहुंचे। लोगों ने काफी मशक्कत के बाद किसी तरह उन्हें बिजली तार से अलग किया। हालांकि तब तक काफी देर हो चुकी थी और उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीणों ने बिजली विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि समय पर तार को हटाया जाता या बिजली सप्लाई बंद कर दी जाती, तो एक व्यक्ति की जान बच सकती थी।
मृतक के भाई ने लगाया लापरवाही का आरोप
मृतक के भाई गोखुल मंडल ने बताया कि बिजली का तार काफी समय से नीचे गिरा हुआ था। उन्होंने कहा कि कई लोगों ने इस संबंध में जानकारी भी दी थी, लेकिन विभाग ने इसे गंभीरता से नहीं लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि विभागीय लापरवाही की वजह से ही उनके भाई की जान गई है।
गोखुल मंडल ने कहा कि टेकलाल सुबह जैसे ही घर से बाहर निकले, वह सीधे तार की चपेट में आ गए। परिवार वालों ने उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। उन्होंने प्रशासन से दोषियों पर कार्रवाई और पीड़ित परिवार को मुआवजा देने की मांग की है।
पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल पहुंचा परिवार
घटना के बाद परिजन शव को लेकर धनबाद स्थित शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचे, जहां पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी की गई। अस्पताल परिसर में भी परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल था।
ग्रामीणों का कहना है कि टेकलाल मंडल मेहनत मजदूरी कर अपने परिवार का खर्च चलाते थे। उनके निधन के बाद परिवार आर्थिक संकट में आ गया है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता देने की मांग की है।
ग्रामीणों में आक्रोश, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
इस हादसे के बाद गांव के लोगों में बिजली विभाग के खिलाफ भारी आक्रोश देखा जा रहा है। ग्रामीणों ने कहा कि क्षेत्र में बिजली तारों की स्थिति काफी खराब है और कई जगहों पर तार झूलते रहते हैं। इससे पहले भी छोटे-मोटे हादसे हो चुके हैं, लेकिन विभाग की ओर से स्थायी समाधान नहीं किया गया।
लोगों का कहना है कि बरसात और आंधी के दौरान ऐसे खुले और नीचे लटके बिजली तार कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकते हैं। ग्रामीणों ने क्षेत्र में बिजली व्यवस्था की जांच कर खराब तारों को तत्काल बदलने की मांग की है।
प्रशासन से कार्रवाई की मांग
घटना के बाद स्थानीय लोगों और परिजनों ने प्रशासन से मामले की जांच कराने की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई नहीं हुई तो भविष्य में ऐसे हादसे दोबारा हो सकते हैं। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।